Wednesday, 15 March 2023

कुंडल छंद

 

कुंडल छंद

बिहिना ले राम नाम, बोल राम सीता ।

अंतस के गगरी ला, भर लेबे रीता ।।

बिहिना ले राम नाम, बोल राम सीता ।

बसवारी आन गाँव, करम कर फबीता ।।

बिहिना ले राम नाम, बोल राम सीता ।

जाना हे अगम बाट, हो जा सुभीता ।

बिहिना ले राम नाम , बोल राम सीता।।

माटी के देह तोर, राम ला बसा ले ।

माया ले मूँह मोड़, मन ला फरिया ले ।।

जग झंझट बूड तोर, होत हे फदीता ।

बिहिना ले बोल नाम, राम राम सीता ।।

शोभामोहन श्रीवास्तव

१५/०७/२०२०

कुण्डल

लालाला लाल लाल, लाललाल लाला ।

बिहिना ले राम राम, राम राम बोलो ।

करत करत काम धाम, राम नाम बोलो ।।

शोभामोहन

 

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