Wednesday, 22 February 2023

"सरस्वती वंदना" त्रिभंगी छंद

"सरस्वती वंदना" त्रिभंगी छंद 

लल लललल लाला, लललल लाला, लललला लाला, ललल लला

(जय ब्रह्म पियारी)

जय ब्रह्म पियारी जग उजियारी वीणा धारी शारद माँ ।

तुम हंस सवारी पुस्तक धारी जग महतारी शारद माँ ।।

सब लोक बिहारी सब शुभकारी सहज उदारी शारद माँ ।

सुन अरज हमारी ग्यान अधारी हे जग न्यारी शारद माँ ।।1।।


जयकार लगाते सुर मुनि ध्याते सब सुख पाते शारद माँ ।

सब लोक मनाते दरशन पाते भाग जगाते शारद माँ ।।

दुख ताप मिटाते ग्यान गढ़ाते नेह लुटाते शारद माँ ।

जग मंगल गाते अलख जगाते अरु वर पाते शारद माँ ।।2।।


शोभामोहन श्रीवास्तव

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