Tuesday, 5 August 2025

बिदा गीत

बेटी जनमाये दाई दुख पीरा सहिके अउ,
परघर दियेस हँकार ओ।
बेटी जनमाये दाई दुख पीरा सहिके अउ,
परघर दियेस हँकार ओ।
बेटवा ला गैया बछरु घर दुवार दिये,
बाग बगइचा खेतखार ओ।।
बेटवा ला गैया बछरु घर दुवार दिये,
बाग बगइचा खेतखार ओ।।
मइके के डेहरी ला पाँव परे बर आथौं,
पूछे जब तीजा के तिहार ओ ।
मइके के डेहरी ला पाँव परे बर आथौं,
पूछे जब तीजा के तिहार ओ ।
करूभात खाके मीठ सुरता धरके जाथौं।
चउथ के करके फरहार ओ ।
बेरा बेरा में कभू ददा भाई ला भेज देबे,
मन ला बोधाये बर हमार ओ।
सुरता में ढूलत नयनजल झड़ी दाई, 

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